क्या जम्मू कश्मीर में फिर से आर्टिकल 370 लागू हो सकता हैं?क्या कानूनन ये संभव हैं या हैं राजनीती
जैसा की 2019 में जम्मू कश्मीर में 35ए और आर्टिकल 370 हटा दिया गया था पर अक्टूबर 2024 के चुनाव में इसे वापस लागू करना विपक्षी पार्टियों ने अपने मेनिफेस्टो में शामिल किया और नेशनल कॉन्फ्रेंस ने अपनी सरकार आने पर इसकी बहाली की बात कही |
370 हटने के बाद से ही कश्मीर से उसका स्पेशल राज्य का दर्जा छिन गया और उसे केंद्र शाषित प्रदेश बना कर केंद्र के सबसे पास कर लिया गया उसके लिए जो अपना अलग संविधान था वो भी हटा दिया गया और भारतीय संविधान को यहां लागू कर दिया गया|
अक्टूबर 2024 में नेशनल कॉन्फ्रेंस ने जीत हासिल की और कोंग्रेस के साथ मिलकर सरकार बनाई और उमर अब्दुल्ला यहां के सी ऍम बने और मनोज सिन्हा ने इन्हे सी ऍम पद की सोथ दिलाई और सबसे पहले 370 की बहाली का प्रस्ताव लाई | ये प्रस्ताव आते ही विधानसभा में बवाल मच गया पक्ष विपक्ष दोनों में मारा मारी हो गई | मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक बीजेपी के विधायको को यहां के मार्शल द्वारा बाहर निकल दिया गया |
उमर अब्दुल्ला ने पहले ही कहा था की जबतक ये पीएम हैं अर्थात नरेंद्र मोदी तब तक 370 की मांग करना भी बेमानी होगा ये पता होते हुये भी अगर ये प्रस्ताव लाया गया और पास भी हो गया तो भी 370 वापस नहीं आ सकता क्योंकि सविधान के आर्टिकल में प्रदत्त जो आर्टिकल हैं उन्हें राज्य की विधानसभा नहीं बहाल कर सकती उन्हें केंद्र ही बहाल कर सकता हैं ये जानते हुये ये प्रस्ताव लाना जनता को केवल ये दिखाना हैं की हमने अपने मेनिफेस्टो में जो बात कही थी उसे पूरा करने का प्रयास किया बस और कुछ नहीं केवल ये राजनीती हैं और विधानसभा सभा में लाइव स्ट्रीमिंग में ये जो मार पीट लात घुसे चले ये बस जनता को उल्लू बनाना हैं सबसे पहले ये लाइव स्ट्रीमिंग रोकनी चहिये केवल वीडियो रिकॉर्डिंग करनी चाहिए |
वैसे जम्मू कश्मीर में फिलहाल 370 वापस नहीं आया हैं |
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